सेलूद। ग्राम पंचायत सेलूद के पूर्व सरपंच खेमलाल साहू द्वारा सोशल मीडिया चैट में वर्तमान सरपंच एवं तहसील सतनामी समाज के युवा अध्यक्ष खिलेश मारकंडे को लेकर की गई कथित टिप्पणी पर विवाद खड़ा हो गया है। सेलूद सतनामी समाज के अध्यक्ष सेवाराम अनंत ने इन टिप्पणियों पर आपत्ति जताते हुए इसे सामाजिक सौहार्द के लिए उचित नहीं बताया है।
सेवाराम अनंत के अनुसार, सोशल मीडिया पर सामने आई चैट में पूर्व सरपंच खेमलाल साहू द्वारा वर्तमान सरपंच खिलेश मारकंडे को लेकर टिप्पणी की गई है। चैट में कथित तौर पर लिखा गया है “सेलुद के अशुभहा सरपंच जब-जब मुँह खोला कुछ न कुछ घटना सेलुद में हुआ ही है…”
समाज अध्यक्ष का कहना है कि इस तरह की टिप्पणी में गांव में हुई घटनाओं और दुर्घटनाओं को वर्तमान सरपंच से जोड़ने का प्रयास किया गया है। उन्होंने कहा कि किसी प्राकृतिक घटना या दुर्घटना के लिए बिना तथ्य किसी जनप्रतिनिधि को जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं है।
सेवाराम अनंत ने कहा कि पूर्व जनप्रतिनिधि से जिम्मेदार और संयमित भाषा की अपेक्षा रहती है। किसी व्यक्ति की सामाजिक पहचान या जनप्रतिनिधि के पद को लेकर टिप्पणी करने से गांव में आपसी भाईचारे और सामाजिक सौहार्द पर असर पड़ सकता है।
सेलूद सतनामी समाज के अध्यक्ष ने संबंधित टिप्पणी पर आपत्ति दर्ज कराते हुए पूर्व सरपंच से स्पष्टीकरण और माफी की मांग की है। ग्राम पंचायत के सतनामी समाज के पंचों ने भी मामले पर नाराजगी जताई है।
समाज की ओर से कहा गया है कि यदि टिप्पणी को लेकर माफी नहीं मांगी जाती है, तो समाज द्वारा नियमानुसार उचित वैधानिक कदम उठाने पर विचार किया जाएगा।
वहीं, इस मामले में पूर्व सरपंच खेमलाल साहू का पक्ष सामने आना बाकी है। सोशल मीडिया चैट की स्वतंत्र पुष्टि और टिप्पणी के पूरे संदर्भ की पुष्टि संबंधित पक्षों से किया जाना बाकी है।
सेलूद में पूर्व सरपंच की सोशल मीडिया टिप्पणी पर विवाद, सतनामी समाज ने जताई आपत्ति








