जिले के कई लोक कलाकारों को भी मिला सम्मान, बस्तर की लोककला को मिली नई पहचान
ब्यूरो चीफ बन्नूराम यादव कोंडागांव। कोंडागांव, छत्तीसगढ़ की लोककला, लोकसंस्कृति एवं लोक परंपराओं के संरक्षण और संवर्धन के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए कोंडागांव के लोकगायक सिद्धार्थ महाजन को प्रतिष्ठित ‘लोकधरा गौरव सम्मान 2026’ से सम्मानित किया गया। यह सम्मान छत्तीसगढ़ प्रदेश लोक कलाकार कल्याण संघ द्वारा आयोजित वार्षिक प्रदेश स्तरीय लोक कला अलंकरण समारोह में प्रदान किया गया।
प्रदेशभर से पहुंचे हजारों लोक कलाकारों की उपस्थिति में आयोजित इस समारोह में छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक संस्कृति और कलाकारों के योगदान को सम्मानित किया गया।
कोंडागांव जिले के कई कलाकारों का हुआ सम्मान
समारोह में लोकगायक सिद्धार्थ महाजन के साथ जिले के अन्य प्रतिभाशाली कलाकारों को भी सम्मानित किया गया। इनमें बड़ेराजपुर के लोकेश गंधर्व, प्रदीप पठारी और सुरेंद्र कोर्राम सहित कोटपाड़ के मांदरी ग्रुप के कलाकारों को उनके लोककला एवं सांस्कृतिक क्षेत्र में योगदान के लिए सम्मान प्रदान किया गया।
सम्मान प्रमाण पत्र में कलाकारों द्वारा छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति, लोक कला, परंपरा, संगीत, नृत्य, रंगकला एवं लोक साहित्य के संरक्षण, संवर्धन और प्रचार-प्रसार में किए गए उत्कृष्ट योगदान का विशेष उल्लेख किया गया।
लोकगायन के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए मिला सम्मान
लोकगायक सिद्धार्थ महाजन को विशेष रूप से लोकगायन के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए ‘लोकधरा गौरव सम्मान 2026’ से नवाजा गया। उनके द्वारा लोकगीतों और बस्तर की सांस्कृतिक परंपराओं को मंचों के माध्यम से आगे बढ़ाने के प्रयासों को इस सम्मान के जरिए सराहा गया।
मंत्री और जनप्रतिनिधियों की रही गरिमामयी उपस्थिति
प्रदेश स्तरीय लोक कला अलंकरण समारोह में छत्तीसगढ़ शासन की महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, संस्कृति, धर्मस्व एवं पर्यटन मंत्री श्री राजेश अग्रवाल, रायपुर लोकसभा सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल तथा छत्तीसगढ़ गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष एवं कैबिनेट मंत्री दर्जा प्राप्त श्री विशेषर सिंह पटेल सहित अनेक विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता छत्तीसगढ़ प्रदेश लोक कलाकार कल्याण संघ के प्रदेश अध्यक्ष श्री गुरुदास मानिकपुरी ने की।
लोक कलाकारों के उत्साहवर्धन के लिए विशेष आयोजन
कार्यक्रम में कलाकारों का उत्साहवर्धन करने और उन्हें प्रोत्साहित करने के लिए छत्तीसगढ़ फिल्म निगम की अध्यक्ष सुश्री मोना सेन भी विशेष रूप से उपस्थित रहीं। उन्होंने प्रदेश के लोक कलाकारों की प्रतिभा और उनकी कला को आगे बढ़ाने के लिए ऐसे आयोजनों को महत्वपूर्ण बताया।
प्रदेशभर के कलाकारों ने बढ़ाई समारोह की गरिमा
समारोह में छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में लोक कलाकार, लोकगायक, लोकनर्तक एवं फिल्म जगत से जुड़े कलाकार शामिल हुए। प्रसिद्ध लोकगायिका आरु साहू सहित छत्तीसगढ़ फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े कई कलाकारों की मौजूदगी ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई।
इस अवसर पर प्रदेश के विभिन्न जिलों के अनेक कलाकारों को उनकी कला और सांस्कृतिक योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
बस्तर की लोककला को बड़े मंचों तक पहुंचाने का संकल्प
सम्मान प्राप्त करने के बाद लोकगायक सिद्धार्थ महाजन ने कहा कि यह सम्मान केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं है, बल्कि बस्तर की मिट्टी, लोकसंस्कृति और लोक कलाकारों का सम्मान है।
उन्होंने कहा कि वे बस्तर की लोक परंपराओं, लोकगीतों, लोकनृत्यों और आदिवासी संस्कृति को प्रदेश एवं देश के बड़े मंचों तक पहुंचाने के लिए निरंतर कार्य करते रहेंगे।
कलाकारों को नई पहचान देने वाले आयोजन महत्वपूर्ण
सिद्धार्थ महाजन ने सम्मान के लिए छत्तीसगढ़ प्रदेश लोक कलाकार कल्याण संघ एवं आयोजन समिति के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन प्रदेश के लोक कलाकारों को नई पहचान देने के साथ-साथ उनकी प्रतिभा को आगे बढ़ाने के लिए एक सशक्त मंच प्रदान करते हैं।
‘लोकधरा गौरव सम्मान 2026’ मिलने पर सिद्धार्थ महाजन को जिले एवं प्रदेश के कलाकारों, कला प्रेमियों और शुभचिंतकों ने बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।








