भारत निर्वाचन आयोग ने चुनावी प्रणाली को पारदर्शी और सक्रिय बनाने के लिए सख्त कदम उठाया है। देशभर में 334 पंजीकृत लेकिन गैर-मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों का पंजीकरण रद्द कर दिया गया है। इनमें छत्तीसगढ़ के 9 राजनीतिक दल भी शामिल हैं, जिन्होंने 2019 से लेकर पिछले छह वर्षों में कोई चुनाव नहीं लड़ा था।
छत्तीसगढ़ के वे दल जिनका पंजीकरण रद्द हुआ
छत्तीसगढ़ एकता पार्टी
छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा
छत्तीसगढ़ समाजवादी पार्टी
छत्तीसगढ़ संयुक्त जातीय पार्टी
छत्तीसगढ़ विकास पार्टी
पृथक बस्तर राज्य पार्टी
राष्ट्रीय आदिवासी बहुजन पार्टी
राष्ट्रीय मानव एकता पार्टी
राष्ट्रीय समाजवादी स्वाभिमान मंच
निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया है कि यह कार्रवाई निष्क्रिय दलों को हटाकर चुनावी प्रक्रिया में केवल सक्रिय और जनसेवा में संलग्न दलों को मौका देने के उद्देश्य से की गई है।
अपील का मौका
इन दलों को 30 दिनों के भीतर आयोग के समक्ष अपील करने का अधिकार है। यदि अपील स्वीकार नहीं होती, तो ये दल स्थायी रूप से चुनावी प्रक्रिया से बाहर हो जाएंगे।
अब देश में सक्रिय दलों की संख्या घटकर
6 राष्ट्रीय दल
67 क्षेत्रीय दल
रह जाएगी, जिससे चुनावी मुकाबला और भी साफ़ और प्रतिस्पर्धी हो सकेगा
भारत निर्वाचन आयोग का बड़ा फैसला : छत्तीसगढ़ के 9 राजनीतिक दलों का पंजीकरण रद्द








