खैरागढ़ से रवि गहने की रिपोर्ट
खैरागढ़, जालबांधा।गांव में उस समय शोक की लहर दौड़ गई जब यह खबर सामने आई कि 45 वर्षीय जागेश्वर बंजारे ने अपने ही घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक की पहचान जागेश्वर बंजारे पिता आनंद राम बंजारे निवासी जालबांधा के रूप में हुई है।
परिवार में केवल दो ही सदस्य थे पिता आनंद राम बंजारे और बेटा जागेश्वर। बताया जा रहा है कि जागेश्वर जन्म से ही शारीरिक रूप से विकलांग था और शादी भी नहीं की थी। साथ ही, वह शराब का आदी भी हो चुका था, जिससे परिवार पहले से ही मानसिक तनाव में जी रहा था।
घटना सोमवार दोपहर की बताई जा रही है। पिता आनंद राम ने बताया कि दोपहर करीब 12 बजे जागेश्वर अपने कमरे में जाकर सो गया था। शाम करीब 5 बजे तक जब उसने दरवाजा नहीं खोला, तो चिंतित होकर पिता ने पहले आवाज लगाई, फिर दरवाजा खटखटाया। कोई प्रतिक्रिया नहीं मिलने पर पड़ोसियों की मदद से दरवाजा तोड़ा गया।
दरवाजा खुलते ही जो दृश्य सामने आया, उसने सभी को स्तब्ध कर दिया जागेश्वर ने कमरे की दीवार में लगे रॉड से फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली थी। आनन-फानन में घटना की सूचना पुलिस को दी गई और शव को पोस्टमार्टम के लिए खैरागढ़ भेजा गया है।
परिजन और गांववाले अब तक इस आत्मघाती कदम की वजह नहीं समझ पा रहे हैं। न ही किसी सुसाइड नोट का पता चला है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है और आत्महत्या के कारणों की गहराई से पड़ताल की जा रही है।
गांव में इस घटना के बाद शोक का माहौल है। सभी लोग शांत और स्तब्ध हैं कि जीवनभर चुनौतियों से लड़ते रहे जागेश्वर ने अचानक ऐसा कठोर कदम क्यों उठाया।
खैरागढ़ जालबांधा में दर्दनाक हादसा: 45 वर्षीय जागेश्वर बंजारे ने की आत्महत्या, कारण अब तक अज्ञात








