ब्यूरो चीफ बन्नूराम यादव कोंडागांव । महिला कर्मचारियों को सुरक्षित कार्य वातावरण उपलब्ध कराने एवं उनके अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से कार्यस्थल पर महिलाओं के लैंगिक उत्पीड़न विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला/जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, कोण्डागांव के न्याय सदन भवन में संपन्न हुई।
विधिक सेवा प्राधिकरण के मार्गदर्शन में हुआ आयोजन
कार्यशाला का आयोजन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोण्डागांव श्रीमती किरण चतुर्वेदी के मार्गदर्शन में तथा सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्रीमती गायत्री साय की उपस्थिति में महिला एवं बाल विकास विभाग के तत्वाधान में किया गया।
कार्यशाला का उद्देश्य
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य कार्यस्थल पर महिलाओं को सुरक्षित वातावरण प्रदान करना, उनके विधिक अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा लैंगिक उत्पीड़न से संबंधित कानूनी प्रावधानों की विस्तृत जानकारी देना रहा।
विशेषज्ञों द्वारा दिया गया प्रशिक्षण
कार्यशाला में महिला संरक्षण अधिकारी सावित्री कोर्राम, सखी वन स्टाफ सेंटर कोण्डागांव की केन्द्र प्रशासक स्वीटी दास तथा जिला मिशन समन्वयक रीना सिंह ठाकुर द्वारा प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
कानूनी प्रावधानों एवं शिकायत प्रक्रिया की जानकारी
वक्ताओं द्वारा कार्यस्थल पर लैंगिक उत्पीड़न की परिभाषा, इसके विभिन्न स्वरूप, आंतरिक शिकायत समिति (ICC) की भूमिका, शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया एवं पीड़ित महिलाओं को उपलब्ध कानूनी सहायता की जानकारी विस्तार से दी गई।
शी-बॉक्स पोर्टल की दी गई जानकारी
कार्यक्रम के दौरान भारत सरकार के महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा संचालित शी-बॉक्स पोर्टल की जानकारी दी गई। यह एक ऑनलाइन मंच है, जिसके माध्यम से कार्यरत महिलाएं कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न से संबंधित शिकायत दर्ज कर सकती हैं एवं उसकी स्थिति पर निगरानी रख सकती हैं।
निर्भीक होकर शिकायत दर्ज कराने का किया गया आह्वान
वक्ताओं ने महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने एवं किसी भी प्रकार के उत्पीड़न के विरुद्ध निर्भीक होकर शिकायत दर्ज कराने के लिए प्रेरित किया।
विभिन्न विभागों की महिला कर्मचारी रहीं उपस्थित
उक्त कार्यशाला/जागरूकता कार्यक्रम में विभिन्न विभागों की महिला कर्मचारी एवं अधिकार मित्रों की सक्रिय सहभागिता रही।








