स्कूल जाने की बात पर अक्सर नाराज़ होता था बच्चा
पितेश्वर हरपाल गरियाबंद जिले के खरी पथरा गांव से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। महज 12 वर्षीय सोहन यादव ने पढ़ाई को लेकर नाराज़ होकर आत्महत्या कर ली।

परिजनों के अनुसार सोहन शुरू से ही जिद्दी स्वभाव का था और स्कूल जाने की बात पर अकसर नाराज़ हो जाता था। वह 6–7 दिनों में केवल एक दिन ही स्कूल जाता था।
माता-पिता के समझाने से आहत हुआ बच्चा
घटना से एक दिन पहले भी माता-पिता ने सोहन को स्कूल जाने की समझाइश दी थी। इससे वह बेहद खफा हो गया और पूरे दिन उदास रहा।
माता-पिता घर से बाहर, बच्चे ने लगा ली फांसी
बुधवार दोपहर माता-पिता गाय चराने के लिए घर से बाहर गए थे।
इसी दौरान लगभग चार बजे सोहन ने घर के पास पेड़ पर स्कूल यूनिफॉर्म के साथ फांसी लगाकर अपनी जान दे दी।
घटना के बाद परिवार और ग्रामीणों में कोहराम मच गया।
गांव में मातम, सभी हैरान “बच्चा इतना व्यथित कैसे हुआ?”
सोहन की मौत से पूरा गांव सदमे में है।
लोग इस सवाल से परेशान हैं कि 12 साल के बच्चे के मन में पढ़ाई को लेकर इतनी कड़वाहट और निराशा कैसे पैदा हुई कि उसने इतना बड़ा कदम उठा लिया।
परिवार और ग्रामीणों में गहरा शोक
परिजन बदहवास हैं और ग्रामीणों का कहना है कि यह घटना सभी के लिए चेतावनी है
बच्चों की भावनाओं को समझना और उनकी मन:स्थिति को महसूस करना बेहद जरूरी है।








