नेवई, 17 जून 2025।थाना नेवई में एक ऐसा केस आया जिसे सुनकर खुद चोर को भी हंसी आ जाए! जी हां, यहां चोरी हुई ₹55,000 के कपड़ों की – और पकड़ाया वो चोर जो खुद उन कपड़ों में रैंप वॉक करता घूम रहा था! अब आप सोच रहे होंगे कि ये माजरा क्या है? तो जनाब, पूरा मामला पढ़िए और खुद तय कीजिए – चोर था या फेशनिस्टा?
प्रकरण की शुरुआत होती है मरोदा सेक्टर के केशव राम जी से, जिनकी दुकान में फैशनेबल कपड़े बिकते हैं। उनके बेटे राकेश ने 14 जून की रात 10 बजे अपनी दुकान बंद की और चैन की नींद सोने चला गया। लेकिन अगली सुबह जब दुकान खोली गई, तो नज़ारा ऐसा था जैसे कोई मॉडलिंग शो के लिए तैयारी करके निकल गया हो – कपड़े नदारद, सामान बिखरा हुआ और छत खुला हुआ!
केशव जी ने तुरंत थाना नेवई में रिपोर्ट ठोकी – “साहब, कोई मेरे सारे कपड़े ले उड़ा है!” पुलिस ने भी बिना देरी किए केस दर्ज कर लिया, और अपनी सबसे घातक हथियार निकाली – त्रिनयन एप्प।
अब शुरू होती है CCTV की महाभारत! फुटेज खंगाले गए, आंखें गड़ाई गईं और फिर एक ‘फैशन गुरु’ जैसा लड़का कैमरे में दिखा – नई जींस, नया टी-शर्ट और चाल ऐसी कि रणवीर सिंह भी शरमा जाए।
थोड़ी ही देर में पुलिस को मरोदा स्टेशन पर एक लड़का इसी हुलिए में घूमता दिखा। पूछताछ शुरू हुई –
“क्यों बेटा, ये कपड़े कहां से लाया?”
“सर… वो… थोड़ा उधारी का मामला हो गया था।”
“सच-सच बता दे वरना ये जींस उतरवा देंगे।”
“अरे हां सर! मैंने ही चोरी की थी! सोचा कपड़े बेचूंगा और करोड़पति बन जाऊंगा।”
करण बिरूली नाम के इस नौजवान का सपना था – फैशन का धंधा! पर जनाब ने शुरुआत ही चोरी से कर दी। पुलिस ने जैसे ही उससे पूछताछ की, तो उसने बता दिया कि पहले वो ग्राहक बनकर दुकान में गया था और वहीं से उसके दिमाग में ‘कपड़े चुराओ, कैटवॉक दिखाओ’ का आइडिया आया।

उसके बताए अनुसार पुलिस ने ₹55,000 के सारे कपड़े वापस बरामद कर लिए। अब करण जी को मॉडलिंग का मौका तो नहीं मिला, लेकिन थाने का ‘स्पॉटलाइट’ जरूर मिल गया!
इस ‘फैशन चोरी’ की जांच में इंस्पेक्टर आनंद शुक्ला और उनकी टीम – सूरज पांडेय, रवि बिसाई, भूमिंद्र वर्मा, चंदन भास्कर और राहुल साव – सभी ने मिलकर ये ‘रैंप शो’ बंद करवाया।
तो मित्रों, सीख यही है – अगर आपको जींस और टी-शर्ट का शौक है, तो खरीदिए… वरना पुलिस आपके लिए रनवे नहीं, जेल का रास्ता खोल देगी!
पुलिस को बधाई, और करण को… एक फैशन टिप – अगली बार शो के लिए टिकट लेना, चोरी नहीं!








