कारीपानी, बस्तरबुडरा और आमगांव में तेंदुए ने किया हमला, संयुक्त रेस्क्यू टीम ने सफलतापूर्वक पकड़ा वन्य प्राणी
ब्यूरो चीफ बन्नूराम यादव कोण्डागांव। केशकाल, सीतानदी-उदंती टाइगर रिजर्व और केशकाल वनमंडल क्षेत्र में तेंदुए के लगातार हमलों से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। 14 से 16 अक्टूबर के बीच कारीपानी, बस्तरबुडरा और आमगांव क्षेत्र में तेंदुए के हमले की कई घटनाएं सामने आईं। इन घटनाओं में कई लोग घायल हुए, जबकि उपचार के दौरान एक महिला की मौत हो गई। वन विभाग की संयुक्त टीम ने लगातार रेस्क्यू अभियान चलाकर 16 अक्टूबर को तेंदुए को सफलतापूर्वक पकड़ लिया।
कारीपानी में पहली घटना, तीन लोगों पर हमला
वन विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार, 14 अक्टूबर की रात लगभग 9 बजे सीतानदी-उदंती टाइगर रिजर्व क्षेत्र के ग्राम कारीपानी (बोरई) में तेंदुए ने तीन लोगों पर हमला कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही टाइगर रिजर्व के संचालक सहित वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई शुरू की।
बस्तरबुडरा में पांच लोगों को बनाया निशाना
15 अक्टूबर की सुबह लगभग 5 बजे केशकाल वनमंडल के ग्राम बस्तरबुडरा में तेंदुए द्वारा पांच लोगों पर हमला किए जाने की सूचना मिली। वन विभाग की टीम ने तत्काल घटनास्थल पर पहुंचकर घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र विश्रामपुरी पहुंचाया।
घायलों में दुवारू पिता बिसरू, निवासी गोंड समुदाय, को गंभीर चोटें आने के कारण जिला अस्पताल कांकेर रेफर किया गया। वहीं, रमशिला मंडावी, पति नंदेश, को जिला अस्पताल कोण्डागांव रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मृत्यु हो गई।
लगातार बदलता रहा तेंदुए का ठिकाना
घटना के बाद केशकाल वनमंडल के उप वनमंडलाधिकारी सहित वन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों और सीतानदी-उदंती टाइगर रिजर्व की टीम ने बस्तरबुडरा में रेस्क्यू अभियान चलाया। हालांकि, तेंदुआ लगातार अपना स्थान बदलता रहा, जिसके कारण शुरुआती प्रयासों में उसे पकड़ा नहीं जा सका।
ग्रामीणों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आसपास के गांवों में कोटवार के माध्यम से मुनादी कराई गई। लोगों को अनावश्यक रूप से घरों से बाहर निकलने और इधर-उधर घूमने से बचने की सलाह दी गई।
कारीपानी में फिर हमला, रात में भी जारी रहा अभियान
15 अक्टूबर की शाम लगभग 6 बजे तेंदुए ने कारीपानी (बोरई) में दो और लोगों पर हमला कर दिया। इसके बाद वन विभाग की संयुक्त टीम ने रात में भी रेस्क्यू अभियान जारी रखा। तेंदुए की लगातार बदलती लोकेशन के कारण उसे पकड़ने में कठिनाई हुई।
आमगांव क्षेत्र में हमला, संयुक्त टीम ने किया सफल रेस्क्यू
16 अक्टूबर की सुबह बहीगांव-आमानार क्षेत्र के आसपास तेंदुए की मौजूदगी की सूचना मिली। इसके बाद तेंदुए ने आमगांव में चार लोगों पर हमला कर दिया। सूचना मिलते ही सीतानदी-उदंती टाइगर रिजर्व के संचालक और उनकी टीम मौके पर पहुंची। वन विभाग की संयुक्त टीम ने तेंदुए की लोकेशन ट्रेस करते हुए सफलतापूर्वक उसका रेस्क्यू किया। सभी घायलों को उचित उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है।
ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील
लगातार हुई घटनाओं को देखते हुए वन विभाग ने संबंधित गांवों और आसपास के क्षेत्रों के नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है। विभाग के अनुसार, टाइगर रिजर्व क्षेत्र होने के कारण आसपास अन्य तेंदुओं या हिंसक वन्य प्राणियों की मौजूदगी की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
वन विभाग ने ग्रामीणों को जंगल, झाड़ियों, खेतों और सुनसान स्थानों पर अनावश्यक रूप से अकेले जाने से बचने तथा आवश्यक कार्य होने पर समूह में निकलने की सलाह दी है। यदि किसी को हिंसक वन्य प्राणी दिखाई देता है, तो तत्काल वन विभाग के अधिकारियों या कर्मचारियों को सूचना देने की अपील की गई है।
वन विभाग की संयुक्त टीम कर रही निगरानी
वन विभाग के अनुसार, क्षेत्र में ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सीतानदी-उदंती टाइगर रिजर्व और केशकाल वनमंडल की संयुक्त टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं। विभाग ने लोगों से सतर्कता बरतने और जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की है।








