ब्यूरो चीफ बन्नूराम यादव कोण्डागांव । ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और आजीविका को सुदृढ़ करने की दिशा में जिला पंचायत कोण्डागांव के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अविनाश भोई ने शुक्रवार को कोण्डागांव विकासखंड के ग्राम पंचायत पुसावंड एवं मोहलई का भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने आजीविका डबरी निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया और श्रमिकों से संवाद कर विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) की विस्तृत जानकारी दी।
125 दिवस के रोजगार की गारंटी
सीईओ श्री भोई ने बताया कि वी-बी जी राम जी योजना के अंतर्गत प्रत्येक पात्र ग्रामीण परिवार को वर्ष में 125 दिवस का रोजगार प्रदान करने की गारंटी दी गई है, जो पूर्व में मनरेगा के तहत उपलब्ध 100 दिवस के रोजगार से अधिक है।
ग्राम सभा तय करेगी कार्यों की रूपरेखा
उन्होंने बताया कि योजना अंतर्गत प्रत्येक ग्राम पंचायत में किए जाने वाले कार्यों की रूपरेखा ग्राम सभा द्वारा तय की जाएगी, जिससे स्थानीय जरूरतों के अनुसार योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सकेगा।
समय पर मजदूरी भुगतान और बेरोजगारी भत्ता
सीईओ ने जानकारी दी कि यदि किसी कारणवश श्रमिकों को कार्य उपलब्ध नहीं हो पाता है, तो बेरोजगारी भत्ते का प्रावधान रखा गया है। साथ ही श्रमिकों की मजदूरी का भुगतान कार्य के 7 दिवस के भीतर सुनिश्चित किया जाएगा।
जल संरक्षण और अधोसंरचना को प्राथमिकता
उन्होंने कहा कि मिशन के तहत जल सुरक्षा एवं जल संरक्षण से जुड़े कार्यों को विशेष प्राथमिकता दी जाएगी। इसके अंतर्गत ग्रामीण अधोसंरचना विकास, आजीविका संवर्धन तथा मौसमी आपदाओं से निपटने से संबंधित कार्य शामिल होंगे।
आजीविका डबरी से बढ़ेगी आय
आजीविका डबरी निर्माण के लाभों पर प्रकाश डालते हुए श्री भोई ने बताया कि इससे जल संग्रहण क्षमता बढ़ती है, सिंचाई सुविधा सुदृढ़ होती है तथा मत्स्य पालन जैसे अतिरिक्त आजीविका साधन विकसित होते हैं, जिससे ग्रामीण परिवारों की आय में स्थायित्व आता है।
अधिक डबरी निर्माण के लिए किया प्रेरित
सीईओ ने ग्रामवासियों एवं श्रमिकों को अधिक से अधिक आजीविका डबरी निर्माण हेतु प्रेरित करते हुए कहा कि यह योजना ग्रामीण आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।








