दुर्ग। थाना पुलगांव क्षेत्र अंतर्गत ईसाफ स्मॉल फाइनेंस बैंक, दुर्ग शाखा में करोड़ों के गबन का मामला सामने आया है। बैंक कर्मचारियों द्वारा 240 ग्राहकों से लोन की वसूली कर रकम बैंक में जमा नहीं करने का मामला उजागर हुआ है। इस धोखाधड़ी में करीब ₹85 लाख रुपये का गबन किया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मोहित देशमुख, क्षेत्रीय प्रबंधक, ईसाफ स्मॉल फाइनेंस बैंक, शाखा दुर्ग द्वारा थाना पुलगांव में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी कि बैंक के संग्रह कर्मचारियों ने 24 मई 2024 से 24 जून 2025 के बीच ग्राहकों से लोन की वसूली की राशि को बैंक खाते में जमा नहीं किया। बैंक के रिकॉर्ड और ग्राहकों से पूछताछ में खुलासा हुआ कि सभी ने अपनी किस्तें जमा कर दी थीं, लेकिन रकम बैंक तक नहीं पहुंची।
जांच में सामने आया कि संग्रह कर्मचारियों ने ग्राहकों से वसूली गई रकम कुल ₹84,98,940/- अपने निजी उपयोग में खर्च कर ली। रिपोर्ट पर थाना पुलगांव में अपराध क्रमांक 546/2025 धारा 420, 409, 120-बी भादवि के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया।
विवेचना के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि आरोपियों ने बैंक में कलेक्शन एजेंट के रूप में कार्य किया और ग्राहकों से ली गई लोन की किस्तों को जमा न कर धोखाधड़ी की। पुलिस ने इस प्रकरण में 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि अन्य चार आरोपियों की तलाश जारी है।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम इस प्रकार हैं:
1️⃣ टीका राम पाटले (35 वर्ष) निवासी लोरमी, मुंगेली
2️⃣ आकाश नायक (30 वर्ष) निवासी बसना, महासमुंद
3️⃣ ओम प्रकाश कोसरे (21 वर्ष) निवासी बजरंग नगर, उरला
4️⃣ आर्या गोस्वामी (25 वर्ष) निवासी दल्लीराजहरा, बालोद
5️⃣ रेशमा वर्मा (25 वर्ष) निवासी आदित्य नगर, दुर्ग
6️⃣ अंकिता पासवान (22 वर्ष) निवासी कोसा नगर, सुपेला
आरोपियों से पूछताछ में उन्होंने रकम का गबन करने की बात स्वीकार की है। पुलिस ने बताया कि बाकी चार आरोपियों की गिरफ्तारी भी शीघ्र की जाएगी। मामले की जांच जारी है और इसमें अन्य कर्मचारियों की संलिप्तता भी उजागर होने की संभावना जताई जा रही है।
ईसाफ बैंक में 85 लाख का गबन, 10 कर्मचारी बने आरोपी – 6 गिरफ्तार, ग्राहकों से वसूली गई राशि खुद खर्च की








