ब्यूरो चीफ बन्नूराम यादव कोंडागांव। बस्तर विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष एवं कोंडागांव विधायक सुश्री लता उसेंडी ने मंगलवार को आयोजित कार्यक्रम में 10 करोड़ रुपए से अधिक के विभिन्न विकास कार्यों का भूमिपूजन एवं शिलान्यास किया। इस दौरान क्षेत्र को शिक्षा, विद्युत और प्रशासनिक सुविधाओं से जुड़ी कई महत्वपूर्ण सौगातें मिलीं।
05 प्रमुख निर्माण कार्यों का भूमिपूजन
कार्यक्रम में कुल 5 निर्माण कार्यों का भूमिपूजन किया गया। इनमें 50 सीटर पोस्ट मैट्रिक अन्य पिछड़ा वर्ग कन्या छात्रावास भवन, 33/11 के.व्ही. नवीन विद्युत उपकेंद्र लोहरापारा, जल संसाधन उपसंभाग कार्यालय भवन, लघु जल संसाधन सर्वे उपसंभाग कार्यालय का पुनर्निर्माण तथा हाई स्कूल भवन निर्माण कार्य शामिल हैं।
शिक्षा और छात्राओं को मिलेगा लाभ
विधायक लता उसेंडी ने कहा कि कन्या छात्रावास के निर्माण से उन छात्राओं को सुविधा मिलेगी, जिन्हें अब तक स्थान के अभाव में प्रवेश नहीं मिल पाता था। इससे उनकी शिक्षा बेहतर होगी और भविष्य को नई दिशा मिलेगी।
बिजली व्यवस्था होगी सुदृढ़
उन्होंने बताया कि लगभग 4 करोड़ 90 लाख रुपए की लागत से 33 केवी पावर स्टेशन का निर्माण किया जाएगा। इससे क्षेत्र में बिजली की समस्या दूर होगी और विकास कार्यों को गति मिलेगी।
महिलाओं के लिए कौशल विकास पहल
कार्यक्रम के दौरान स्वरोजगार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से सिलाई प्रशिक्षण कार्यक्रम का भी शुभारंभ किया गया। विधायक ने कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण से महिलाओं का कौशल विकास होगा और वे आत्मनिर्भर बन सकेंगी।
जनप्रतिनिधियों ने भी रखे विचार
नगर पालिका अध्यक्ष श्री नरपति पटेल ने कहा कि छात्रावास बनने से पिछड़ा वर्ग की छात्राओं को बेहतर सुविधा मिलेगी और वे पढ़ाई में आगे बढ़ सकेंगी। साथ ही विद्युत व्यवस्था में सुधार से आमजन को लाभ होगा।
करोड़ों के कार्यों की विस्तृत जानकारी
इन विकास कार्यों में छात्रावास भवन (191.51 लाख रुपए), 33/11 केवी उपकेंद्र (490.99 लाख रुपए), जल संसाधन कार्यालय (144.27 लाख रुपए), लघु जल संसाधन उपसंभाग भवन (125.26 लाख रुपए) तथा हाई स्कूल भवन (75.23 लाख रुपए) शामिल हैं।
अधिकारी व जनप्रतिनिधि रहे मौजूद
कार्यक्रम में कलेक्टर श्रीमती नूपुर राशि पन्ना, जिला पंचायत सदस्य, नगर पालिका एवं जनपद पंचायत के जनप्रतिनिधि, अपर कलेक्टर, एसडीएम, तहसीलदार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग द्वारा प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया तथा अंत में आभार प्रदर्शन किया गया।








