दुर्ग ! थाना खुर्सीपार से सीधा LIVE –
एक फिल्मी अंदाज़ में टाटा योध्दा वाहन की चोरी की गुत्थी को सुलझाया खुर्सीपार पुलिस ने – और मज़े की बात? चोर कोई और नहीं, कंपनी के अपने ही वर्कर निकले! यानी “घर का भेदी, लंका ढाए” वाली कहावत फिर से सच साबित हुई।

कहानी की शुरुआत –
12 जुलाई को शाम 5 बजे, मनमोहन महतो जी बड़े इत्मीनान से अपनी टाटा योध्दा गाड़ी (कीमत 6.5 लाख रुपये) को सनटेक कंपनी के सामने खड़ा कर, चाबी जेब में डालकर रूम चले गए – गाड़ी वहीं, चैन से सोती रही… पर चोरों की नींद तब उड़ गई!
गाड़ी गायब – और दिल धकधक!
14 जुलाई की सुबह जब आंखें खुलीं, तो गाड़ी नदारद! मनमोहन जी ने चारों ओर देखा – लॉज, सड़क, पेड़-पौधे… लेकिन नीले रंग की टाटा योध्दा उड़नछू थी।
टिप-ऑफ और मिशन ‘डबरापारा डिटेक्टिव्स’ –
एक गुप्तचरी सूत्र (मुखबिर भैया) ने बताया कि डबरापारा में दो संदिग्ध युवक एक टाटा योध्दा बेचने की फिराक में हैं। पुलिस टीम पहुंची – और वहाँ मिले दो “डीलर”, जो गाड़ी बेचने के बजाय अब जेल के रूम में आराम फरमा रहे हैं!
धड़ल्ले से खुली पोल –
पूछताछ में सामने आए दो नाम –
1️⃣ जल्ला उरांव, उम्र 23, जोन 03 खुर्सीपार
2️⃣ अमित तीडू, उम्र 20, वहीं के साथी चोर
दोनों ने कबूल किया – “हाँ साहब, हम ही चुराए गाड़ी… और नहर के पीछे छिपा दी है!”
खोज और बरामदगी –
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर गाड़ी ढूंढ निकाली – सीधा ट्रांसपोर्ट नगर, शिव मंदिर के पीछे, नहर के किनारे, VIP पार्किंग स्टाइल में खड़ी मिली।
न्याय की रफ्तार –
दोनों चोरों को गिरफ्तार किया गया, धाराएं लगाई गईं – और अब दोनों पहुंच चुके हैं “माननीय अदालत” के मेहमान बनने।
सलाम टीम को –
प्र आर रोहित यादव
सउनि मोतीलाल महिलवार
आरक्षक जितेंद्र शुक्ला
आरक्षक जितेंद्र धीवर
इन सबकी फुर्ती से 8 लाख की चोरी का पर्दाफाश कुछ ही घंटों में हो गया।
तो अगली बार अगर गाड़ी पार्क करें, तो आस-पास के वर्करों पर भी नज़र रखें… कौन कब “वर्कर से वांटेड” बन जाए, कोई नहीं जानता!








