ब्यूरो चीफ बन्नूराम यादव कोंडागांव। सर्व पिछड़ा वर्ग समाज जिला कोंडागांव ने जनगणना 2026-27 में अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) के साथ अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) को भी शामिल करने की मांग को लेकर विभिन्न उच्च पदस्थ नेताओं के नाम ज्ञापन सौंपा।
जनगणना प्रपत्र में OBC जोड़ने की मांग
समाज के प्रतिनिधियों ने बताया कि भारत सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा 22 जनवरी 2026 को जारी अधिसूचना में जनगणना 2027 के लिए मकान सूचीकरण और जनगणना प्रपत्र में क्रमांक 12 पर केवल SC और ST का उल्लेख है।
उन्होंने मांग की कि इस सूची में अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) को भी शामिल किया जाए, ताकि समाज की वास्तविक जनसंख्या का सही आंकलन हो सके।
यूजीसी नियमावली लागू करने की मांग
ज्ञापन में यह भी मांग की गई कि यूजीसी के लिए प्रावधानित नियमावली को तत्काल प्रभाव से लागू किया जाए, जिससे पिछड़ा वर्ग के हितों की रक्षा हो सके।
27 प्रतिशत आरक्षण की मांग
समाज ने छत्तीसगढ़ में राजनीतिक और प्रशासनिक क्षेत्रों में अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए 27 प्रतिशत आरक्षण लागू करने की भी मांग उठाई।
मांगें नहीं मानी गईं तो उग्र आंदोलन की चेतावनी
सर्व पिछड़ा वर्ग समाज ने स्पष्ट किया कि यदि उनकी मांगों पर संवेदनशीलता के साथ विचार नहीं किया गया, तो आने वाले समय में उग्र आंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
सरकार पर OBC की अनदेखी का आरोप
जिलाध्यक्ष रितेश पटेल ने मीडिया से चर्चा में कहा कि सर्वे प्रपत्र में SC और ST के बाद ‘अन्य’ लिखा गया है, जिससे यह प्रतीत होता है कि सरकार OBC को अलग पहचान देने के लिए गंभीर नहीं है।
उन्होंने कहा कि देश की सबसे बड़ी आबादी OBC समाज की है, फिर भी उसकी अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
ज्ञापन सौंपने के दौरान रहे उपस्थित
इस दौरान जिलाध्यक्ष रितेश पटेल, संरक्षक नीलकंठ शार्दुल, कोषाध्यक्ष आई.सी. निषाद, नगर पालिका अध्यक्ष नरपति पटेल, महामंत्री रैमल दीवान, उपाध्यक्ष मनोज देवांगन, सचिव अमित गुप्ता, चमन वर्मा, कृष्णा पटेल सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग मौजूद रहे।








